PF Advance कैसे निकालें (PF Advance Kaise Nikale)? नया EPF Scheme 2026 और Form 31

इस साल PF के नियम पूरी तरह बदल गए हैं, और यह कोई छोटा-मोटा circular नहीं था।
29 जून 2026 को सरकार ने EPF Scheme, 2026 अधिसूचित किया, जिसने 1952 वाली पुरानी योजना की जगह ले ली — Code on Social Security, 2020 को लागू करने की प्रक्रिया का हिस्सा। इसमें advance निकालने के 13 अलग-अलग नियमों को सिर्फ़ तीन category में समेट दिया गया, और सेवा की सारी पुरानी शर्तें हटाकर एक कर दी गईं।
घबराइए मत — नियम आसान हुए हैं, सख़्त नहीं। पर इसका मतलब यह भी है कि इंटरनेट पर पड़े ज़्यादातर लेख अब पुराने हो चुके हैं। जहाँ भी लिखा दिखे कि मकान के लिए 5 साल चाहिए या शादी के लिए 7 साल, वो पन्ना जून 2026 से पहले का है।
पहले लिख लीजिए: आपको तीन चीज़ें चाहिए होंगी — UAN, उससे जुड़ा मोबाइल नंबर, और KYC में verified Aadhaar, PAN व bank account।
Pakka Points
- नया EPF Scheme, 2026 — 29 जून 2026 से लागू, 1952 वाली योजना की जगह।
- अब सिर्फ़ 12 महीने की सदस्यता काफ़ी है — मकान के 5 साल और शादी के 7 साल वाली शर्तें ख़त्म।
- 13 पुराने कारण अब तीन category में: Essential Needs, Housing Needs और Special Circumstances।
- कुल जमा का 25% खाते में रुका रहेगा; बचे हुए Eligible Member Balance का 100% तक निकल सकता है।
- कम से कम निकासी ₹1,000; KYC पूरी हो और रक़म ₹5 लाख तक हो तो claim अपने आप 3-5 दिन में निपटता है।
- 5 साल की लगातार सेवा के बाद निकाली रक़म पूरी tax-free — उससे कम में ₹50,000 से ऊपर पर TDS।
सबसे पहले वो शब्द समझिए जिस पर पूरा हिसाब टिका है
नए scheme में एक नया शब्द आया है — Eligible Member Balance। यही तय करता है कि आपके हाथ में कितना आएगा, और यहीं ज़्यादातर लोग ग़लत गिनती कर बैठते हैं।
नियम कहता है कि खाते में एक Minimum Balance हमेशा रुका रहेगा, जो कुल जमा का 25% है — इसमें आपका हिस्सा, कंपनी का हिस्सा और दोनों पर अब तक का ब्याज, तीनों जुड़ते हैं। उस 25% को छोड़कर जो बचता है, वही Eligible Member Balance है।
Advance में उस Eligible Member Balance का 100% तक मिल सकता है। दोनों बातें मिलाकर सीधा मतलब यह हुआ कि नौकरी के दौरान ज़्यादा से ज़्यादा कुल जमा का 75% निकाला जा सकता है।
| अगर खाते में कुल जमा है | 25% रुका रहेगा | Eligible Member Balance — इतना तक मिल सकता है |
|---|---|---|
| ₹2,00,000 | ₹50,000 | ₹1,50,000 |
| ₹5,00,000 | ₹1,25,000 | ₹3,75,000 |
| ₹8,00,000 | ₹2,00,000 | ₹6,00,000 |
| ₹12,00,000 | ₹3,00,000 | ₹9,00,000 |
Kul jama = aapka hissa + company ka hissa + dono par ka byaj, nikasi ki tarikh tak. Ruka hua 25% bekar nahi padta — us par byaj milta rehta hai, aur wo final settlement par milta hai. Kam se kam nikasi ₹1,000 hai.
वो रुका हुआ 25% हमेशा के लिए बंद नहीं है। Final settlement पर पूरा पैसा मिलता है — यानी 55 साल की उम्र पर retirement, स्थायी विकलांगता, छँटनी, स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति, या हमेशा के लिए विदेश बस जाने पर।
तीन category — किस काम के लिए कितनी बार
पुराने scheme में हर कारण का अपना paragraph, अपनी शर्त और अपनी सेवा-अवधि थी। अब सिर्फ़ तीन खाने हैं।
| Category | किन कामों के लिए | कितनी बार |
|---|---|---|
| Essential Needs | बीमारी और इलाज; पढ़ाई; शादी | बीमारी — कोई सीमा नहीं; पढ़ाई — 10 बार; शादी — 5 बार |
| Housing Needs | मकान या फ़्लैट ख़रीदना, बनवाना, home loan चुकाना, मौजूदा मकान पर तय काम | कुल 5 बार |
| Special Circumstances | प्राकृतिक आपदा या अचानक आई मुश्किल — कागज़ात की ज़रूरत नहीं | साल में 2 बार |
Teenon category me ek hi shart hai — 12 mahine ki sadasyata. Purane scheme wali alag-alag sewa-avadhi (makan ke liye 5 saal, shadi aur padhai ke liye 7 saal) ab lagu nahi hoti.
Special Circumstances वाली category पर एक लाइन अलग से — इसमें कागज़ात नहीं माँगे जाते। बाढ़, भूकंप या अचानक आई किसी मुश्किल में यही सबसे तेज़ रास्ता है, और साल में दो बार तक इस्तेमाल हो सकता है।
Form 31 — यही वो form है जो advance के लिए भरा जाता है
EPFO के तीन form अक्सर आपस में गड्डमड्ड हो जाते हैं, इसलिए एक बार साफ़ कर लेते हैं।
| Form | किस काम के लिए | कब |
|---|---|---|
| Form 31 | PF advance यानी आंशिक निकासी | नौकरी करते हुए, ज़रूरत पड़ने पर |
| Form 19 | PF का final settlement — पूरा पैसा | नौकरी छूटने या retirement के बाद |
| Form 10C | Pension (EPS) withdrawal benefit | Form 19 के साथ, 10 साल से कम सेवा पर |
Online claim me ye teenon ek hi jagah dikhte hain — 'Claim (Form-31, 19 & 10C)' ke naam se. Advance chahiye to wahan se Form 31 chunna hota hai.
Online claim — क्रम से, बिना कुछ छोड़े
पूरा काम UAN member portal से होता है। नीचे के क़दम लॉगिन के बाद वाली स्क्रीनों के हैं, इसलिए यहाँ उनकी तस्वीरें नहीं दी गई हैं — हम किसी portal की नक़ली screenshot नहीं बनाते। नाम और क्रम वही हैं जो आपको स्क्रीन पर मिलेंगे।
1. UAN और password से login कीजिए।
2. Manage वाले हिस्से में KYC खोलिए और जाँचिए कि Aadhaar, PAN और bank account तीनों verified दिख रहे हैं। नाम और जन्मतिथि तीनों जगह एक जैसी होनी चाहिए — यही एक चीज़ सबसे ज़्यादा claim रुकवाती है।
3. Online Services में जाकर claim वाला विकल्प चुनिए।
4. अपने bank account के आख़िरी चार अंक डालकर उसे verify कीजिए।
5. "Proceed for Online Claim" के बाद PF Advance (Form 31) चुनिए।
6. कारण चुनिए, रक़म भरिए, पता लिखिए और ज़रूरत हो तो चेक या passbook की नक़ल अपलोड कीजिए।
7. Aadhaar से जुड़े मोबाइल पर आए OTP से claim जमा कीजिए, और मिलने वाला reference number सँभालकर रखिए।
एक बात जो 2026 में बदली है और बहुत काम की है: अगर KYC पूरी है और रक़म ₹5 लाख तक है, तो claim auto settlement में जाता है और किसी अफ़सर की मंज़ूरी के बिना, आम तौर पर 3 से 5 काम के दिनों में पैसा खाते में आ जाता है। EPFO ने यह सीमा ₹1 लाख से बढ़ाकर ₹5 लाख की है।
Balance पहले देख लीजिए — तीन तरीक़े, तीनों मुफ़्त
Claim भरने से पहले यह पता होना चाहिए कि जमा कितना है, वरना रक़म ग़लत भर जाती है और claim लौट आता है।
Missed call: UAN से जुड़े रजिस्टर्ड नंबर से 9966044425 पर missed call दीजिए। कुछ ही देर में SMS से balance आ जाता है।
SMS: उसी नंबर से 7738299899 पर EPFOHO UAN लिखकर भेजिए। हिंदी सहित कई भाषाओं में जवाब मिलता है।
Passbook: UMANG app या UAN member portal के passbook हिस्से में महीने-दर-महीने पूरा हिसाब दिखता है — आपका हिस्सा, कंपनी का हिस्सा और ब्याज, तीनों अलग-अलग।
ब्याज की बात चली तो — FY 2025-26 के लिए EPF की दर 8.25% है, जो CBT की 2 मार्च 2026 की बैठक में तय हुई और पिछले साल के बराबर ही रखी गई।
Tax — पाँच साल वाली वो एक शर्त
PF निकालने पर tax लगेगा या नहीं, यह पूरी तरह एक बात पर टिका है: लगातार पाँच साल की सेवा पूरी हुई या नहीं।
| सेवा की अवधि | निकाली गई रक़म | Tax |
|---|---|---|
| 5 साल या ज़्यादा (लगातार) | कोई भी | पूरी tax-free |
| 5 साल से कम | ₹50,000 तक | कोई TDS नहीं |
| 5 साल से कम | ₹50,000 से ज़्यादा, PAN दिया है | 10% TDS (Section 192A) |
| 5 साल से कम | ₹50,000 से ज़्यादा, PAN नहीं दिया | 20% TDS |
Sabse zaroori nukta: purani naukri ka PF agar nayi company me transfer karaya tha, to wo sewa bhi unhi paanch saal me judti hai. Isi wajah se PF transfer karana, nayi jagah dobara shuru karne se behtar hai.
अपनी पूरी tax तस्वीर देखनी हो तो new vs old regime और 80C की छूट साथ में देख लीजिए — EPF में आपका अपना योगदान 80C में गिना जाता है।
Claim अटक जाए तो — तीन आम वजहें
Rejection की वजह claim status में लिखी होती है। पहले उसे पढ़िए, फिर सुधारिए — वही claim बार-बार भेजने से कुछ नहीं होता।
1. Aadhaar से नाम या जन्मतिथि का मेल नहीं। सबसे आम वजह। KYC वाले हिस्से में सुधार कीजिए, या Aadhaar में सही कराइए।
2. Bank account या IFSC ग़लत। खाता आपके ही नाम का होना चाहिए और UAN से जुड़ा होना चाहिए। बैंकों के विलय के बाद IFSC बदल गया हो तो merged bank का नया IFSC देख लीजिए।
3. नौकरी छोड़ने की तारीख़ अपडेट नहीं है। यह कंपनी के हाथ में है — HR से exit date भरवाइए, उसके बिना final settlement वाले claim नहीं बढ़ते।
निकालने से पहले एक बार सोच लीजिए
नियम आसान हो गए हैं, पर आसान होने का मतलब यह नहीं कि हर ज़रूरत PF से पूरी की जाए।
PF का पैसा 8.25% पर चक्रवृद्धि ब्याज कमाता है और retirement के लिए रखा है। आज निकाला हुआ ₹1 लाख सिर्फ़ ₹1 लाख का नुक़सान नहीं है — वो अगले बीस साल का ब्याज भी साथ ले जाता है।
इसलिए पहले देखिए कि ज़रूरत किसी और रास्ते से पूरी हो सकती है या नहीं, और PF को आख़िरी विकल्प रखिए। बीमारी या आपदा में बिल्कुल निकालिए — उसी दिन के लिए तो यह सुविधा है।
और नौकरी बदलते वक़्त PF निकालिए मत, transfer कराइए। वही एक आदत पाँच साल की गिनती भी बचाती है और retirement का corpus भी।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
PF advance nikalne ke liye kitni service honi chahiye?
अब सिर्फ़ 12 महीने की सदस्यता। यह नए EPF Scheme, 2026 का सबसे बड़ा बदलाव है। पहले हर काम की अलग शर्त थी — मकान के लिए 5 साल, शादी के लिए 7 साल, और पढ़ाई के लिए भी 7 साल। 29 जून 2026 से यह सब हटकर एक ही शर्त रह गई है: बारह महीने पूरे होने चाहिए, फिर तीनों category में से किसी में भी advance लिया जा सकता है।
PF me se kitna paisa nikal sakte hai?
अपने Eligible Member Balance का 100% तक। पर यह शब्द ध्यान से पढ़िए — Eligible Member Balance पूरा PF नहीं है। नियम कहता है कि कुल जमा (आपका हिस्सा, कंपनी का हिस्सा और दोनों पर का ब्याज) का 25% खाते में रुका रहेगा, और उसे Minimum Balance कहते हैं। बाक़ी बचा 75% ही आपका Eligible Member Balance है, और उसमें से पूरा निकाला जा सकता है। यानी नौकरी के दौरान ज़्यादा से ज़्यादा कुल जमा का 75%।
Naye EPF Scheme 2026 me kaun si teen category hai?
पहली, Essential Needs — बीमारी, पढ़ाई और शादी। बीमारी पर कितनी बार भी ले सकते हैं, पढ़ाई के लिए 10 बार तक और शादी के लिए 5 बार तक। दूसरी, Housing Needs — मकान या फ़्लैट ख़रीदना, बनवाना, home loan चुकाना या मौजूदा मकान पर तय काम कराना, कुल 5 बार तक। तीसरी, Special Circumstances — प्राकृतिक आपदा या अचानक आई मुश्किल, साल में 2 बार तक, और इसमें कागज़ात देने की ज़रूरत नहीं होती।
PF advance ka claim online kaise kare?
UAN member portal पर अपने UAN और password से login कीजिए। पहले जाँच लीजिए कि Aadhaar, PAN और bank account तीनों KYC में verified दिख रहे हैं और नाम व जन्मतिथि तीनों जगह एक जैसी हैं। फिर Online Services में जाकर Claim वाला विकल्प चुनिए, bank account के आख़िरी चार अंक डालकर उसे verify कीजिए, और Form 31 यानी PF Advance चुनिए। कारण, रक़म और पता भरकर Aadhaar से जुड़े मोबाइल पर आए OTP से claim जमा हो जाता है।
PF advance ka paisa kitne din me aata hai?
अगर आपका UAN पूरी तरह KYC-compliant है और रक़म ₹5 लाख तक है, तो claim auto settlement में चला जाता है और आम तौर पर 3 से 5 काम के दिनों में पैसा खाते में आ जाता है — किसी अफ़सर की मंज़ूरी की ज़रूरत नहीं पड़ती। EPFO ने यह auto settlement की सीमा ₹1 लाख से बढ़ाकर ₹5 लाख की है। इससे बड़ी रक़म या अधूरी KYC वाले claim में जाँच होती है और ज़्यादा समय लगता है।
PF nikalne par tax lagta hai kya?
लगातार 5 साल की सेवा पूरी हो चुकी हो तो निकाली गई रक़म पूरी tax-free है। पाँच साल से कम सेवा में, अगर रक़म ₹50,000 से ज़्यादा है तो Section 192A के तहत TDS कटता है — PAN दिया हो तो 10%, PAN ना हो तो 20%। एक ज़रूरी बात जो लोग चूक जाते हैं: पुरानी नौकरी का PF अगर नई कंपनी में transfer कराया था, तो वो सेवा भी उन्हीं पाँच साल में जुड़ती है।
PF balance kaise check kare?
सबसे आसान तरीक़ा missed call है — अपने UAN से जुड़े रजिस्टर्ड मोबाइल से 9966044425 पर एक missed call दीजिए, कुछ ही देर में SMS से balance आ जाएगा। दूसरा तरीक़ा 7738299899 पर EPFOHO UAN लिखकर SMS भेजना है, और यह हिंदी सहित कई भाषाओं में उपलब्ध है। इसके अलावा UMANG app और UAN member portal का passbook section भी है। तीनों में शर्त एक ही है — मोबाइल नंबर UAN से जुड़ा होना चाहिए।
Claim reject ho gaya to kya kare?
पहले rejection की वजह पढ़िए, वो claim status में लिखी होती है। सबसे आम तीन वजहें हैं: नाम या जन्मतिथि का Aadhaar से मेल ना खाना, bank account या IFSC का ग़लत होना, और नौकरी छोड़ने की तारीख़ का कंपनी की तरफ़ से अपडेट ना होना। तीनों सुधर सकती हैं — पहली दो portal पर KYC सुधारकर, तीसरी कंपनी के HR से exit date भरवाकर। सुधार के बाद दोबारा claim लगाइए; बार-बार वही claim भेजने से कुछ नहीं होता।
Pakke Sources — हमने कहाँ से verify किया
- EPF Scheme, 2026 — Gazette notification — 29 June 2026 se lagu; EPF Scheme 1952 ki jagah, Code on Social Security 2020 ke tahat — 13 niyam 3 category me
- EPFO — UAN Member portal (claim aur passbook) — Form 31 se online advance claim; KYC, passbook aur claim status yahin se
- EPFO — auto settlement limit ₹1 lakh se ₹5 lakh — KYC-compliant UAN par ₹5 lakh tak ke claim 3-5 kaam ke din me, bina manual approval
- EPFO CBT — EPF interest rate FY 2025-26 — 8.25% — 239th CBT meeting, 2 March 2026; pichhle saal ke barabar
- Income Tax Department — Section 192A, TDS on PF withdrawal — 5 saal se kam sewa aur ₹50,000 se upar par 10% (PAN ke saath) ya 20% (bina PAN)